Academic Excellance
Thur Dec 7 2017 , 13:28:16

नवोदय विद्यालय समिति

Navodaya Vidyalaya Samiti

( An Autonomous Body Under MHRD ) Government Of India

शैक्षणिक उत्कृष्टता

नवोदय विद्यालयों ने वृद्धि और विकास की एक नई शिक्षा शैली की परिकल्पना की है, जिसका उद्देश्य प्रमुख रूप से ग्रामीण क्षेत्रों के प्रतिभाशाली, बुद्धिमान एवं होनहार बच्चों को पहचानना और उनका विकास करना है। इन संस्थानों की स्थापना ऐसे आदर्श एवं प्रेरणादायक संस्थानों के रूप में की गई है जो भारत की माध्यमिक शिक्षा प्रणाली की आवश्यकता पर आधारित एवं राष्ट्रीय लक्ष्यों को प्राप्त करने वाली प्रणाली की राह पर आगे ले जा सके। प्रगतिशील धारणा के आधार पर इन विद्यालयों की कल्पना एक ऐसे संस्थान के रूप में की गई जो उत्कृष्ट शिक्षा के माध्यम से आधुनिक भारत के विकास में योगदान दे सकें। इन संस्थानों का मुख्य उद्देश्य ऐसी उत्तम शिक्षा प्रदान करना है जिससे विद्यार्थियों में संस्कृति के प्रति सशक्त जागरूकता, मूल्यों को आत्मसात करने की क्षमता, पर्यावरण के प्रति जागरूकता, त्रिभाषा-सूत्र के अनुसार तीन भाषाओं में समुचित दक्षता प्राप्त करना है तथा जिसमें अनुभवों और सुविधाओं के साझे प्रयोग द्वारा प्रमुख रूप से संबद्ध जिलों में शिक्षा के स्तर को सुधारा जा सके।

सामाजिक मेल-मिलाप, मानवीय एवं सांस्कृतिक मूल्यों को आत्मसात करने की प्रवृत्ति तथा स्थानीय समुदाय के साथ निरन्तर तालमेल से ऐसे संस्थानों से उत्कृष्ट शिक्षा केन्द्र के रूप में विकसित करने में सहायक सिद्ध हो रहे हैं।

केन्द्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड द्वारा आयोजित सार्वजनिक परीक्षाओं में जवाहर नवोदय विद्यालयों के लगातार उत्तम परिणामों और विद्यालयों से परीक्षाएं उत्तीर्ण करने के बाद छात्रों द्वारा की जा रही प्रगति के ब्यौरे से यह पता चलता है कि समिति सही दिशा में कार्य कर रही है। जवाहर नवोदय विद्यालयों की कक्षा-10 और कक्षा-12 के परीक्षा परिणाम केन्द्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड की कुल राष्ट्रीय औसत से लगातार बेहतर बन रहे हैं।

जवाहर नवोदय विद्यालयों के विद्यार्थियों में विद्यालयी एवं गैर विद्यालयी शिक्षण के क्षेत्रों में योग्यता विकसित करने के संपूर्ण प्रयास किए जाते हैं, जिससे हर बच्चे का प्रभावशाली व्यक्त्तित्व विकास होता है। विद्यालयी उत्कृष्टता नवोदय विद्यालय समिति और दूसरी विद्यालयी प्रणालियों जैसे केन्द्रीय विद्यालय तथा निजी विद्यालयों के औसत उत्तीर्ण अनुपात के तुलनात्मक अध्ययन से देखी जा सकती है।

  • पठन-पाठन प्रक्रिया में नवाचार एवं अनुसंधान
  • आधुनिक शिक्षण तकनीकों को अपनाने हेतु शिक्षकों के लिए प्रशिक्षक/कार्यशालाएं।
  • विद्यालय प्रयोगशाला एवं पुस्तकालय का सर्वोत्तम उपयोग।
  • कक्षा शिक्षण में आई-सी-टी- का प्रयोग।
  • प्रभावशाली संप्रेषण एवं अभिकलन कौशल
  • परामर्श, करियर परामर्श और प्रेरक स़त्र।
 
 

CBSE परीक्षा -2019 में छात्रों का प्रदर्शन: -

Class X
जवाहर नवोदय की संख्या 584
उपस्थित छात्रों की संख्या 39885
प्रथम श्रेणी प्राप्त करने वाले छात्रों की संखया 35720
सेंटम पाने वाले छात्रों की संख्या 1018

 

Class XII
जवाहर नवोदय की संख्या 546
उपस्थित छात्रों की संख्या 30833
प्रथम श्रेणी प्राप्त करने वाले छात्रों की संखया 27694
सेंटम पाने वाले छात्रों की संख्या 329
 
 

प्रतियोगी परीक्षा 2019

JEE
जेईई मेन में उपस्थित होने वाले छात्रों की संख्या 11733
जेईई मेन में अर्हता प्राप्त 4451
जेईई एडवांस-योग्य सूची में आने वाले छात्र-प्रथम सूची 966

 

 
 NEET में उपस्थित होने वाले छात्रों की संख्या 16156
NEET मेन में अर्हता प्राप्त 12654